जिम्मेदार थानाधिकारी थाने में रजिस्टर्ड डाक लेने से करेगा इनकार तो कैसे चलेगी व्यवस्था
बीकानेर दलित एकता संघर्ष समिति के अध्यक्ष रतनलाल सोलंकी ने पुलिस महानिरीक्षक बीकानेर को एक पत्र लिखकर धुडी़देवी दलित के मामले मे पुलिस थानाधिकारी बीछवाल द्वारा संज्ञेय अपराध की जानबूझकर FIR दर्ज नही करने लिए लिखा है ।
महानिदेशक पुलिस राजस्थान के परिपत्र क्रमांक 2 /18 दिनांक 30 -7 -18 एवं 31 -1-19 के अनुसार निर्देशित किया हुआ है संज्ञेयअपराध के मामले में एफ आई आर दर्ज नहीं करने पर दोषी अधिकारियों के विरुद्ध आवश्यक तोर पर कार्रवाई की जावेगी ।
परिवादी ने एक रजिस्टर्ड पत्र द्वारा एफआईआ थाना अधिकारी को भेजी तो अधिकारी ने पत्र लेने से भी इनकार कर दिया ।
रतन लाल का कहना है कि बीछवाल थाना अधिकारी मनमानी से कार्य कर रहा है इसे ना तो पुलिस मुख्यालय के आदेशों की और कोई ध्यान है
तथा नाही किसी उच्च अधिकारियों का भय है थानाधिकारी को एक रजिस्टर पत्र भेजा जिसको थानाधिकारी ने लेने से भी इंकार कर दिया ।
कानून की दृष्टि से एक जिम्मेदार पुलिस थाने में रजिस्टर्ड डाक लेने से इनकार किया जाना कहा तक सही है ?
यह कृत्य विधि के निर्देश की आशय.कीँ अवज्ञा की श्रेणी मे आता है एवम IPC की धारा166का अपराध भी है ।











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