NSUI ने उच्च शिक्षा नियामकीय संस्थाओं को छात्रों के लिए मूकदर्शक बंदर बताकर विरोध किया।
आज NSUI के प्रदेश महासचिव कुलदीप बिश्नोई के नेतृत्व में NSUI के छात्रों द्वारा राजकीय डूंगर महाविद्यालय के उपप्राचार्य को कॉलेज शिक्षा निदेशक संदेश नायक के नाम ज्ञापन देकर स्नातक द्वितीय व अंतिम वर्ष तथा स्नातकोत्तर अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों को प्रवेश हेतु दो हफ़्तों का अतिरिक्त समय दिया जाने की मांग की।
छात्र नेता विशाल गोदारा ने बताया कि यूजीसी और केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय जैसी नियामकीय संस्थाएं आधुनिक भारत के छात्र विरोधी बंदर के रूप में काम कर रहीं हैं। जिन्हें न तो छात्रों की परेशानी दिखती है,न वो छात्रों की समस्याओं को सुनना चाहते हैं, और न ही छात्रों की परेशानी पर बोलते है।
NSUI के पूर्व जिलाध्यक्ष सुंदर बैरड़ ने बताया कि वर्तमान समय में भारत मे प्रतिदिन 55 हजार के लगभग कोरोना मरीज आ रहें है ऐसे में केंद्र सरकार के इन नियामकीय बंदरो को छात्र हित में निर्णय कर सभी छात्रों को बिना परीक्षा प्रमोट करना चाहिए।
इस दौरान प्रदेश महासचिव सांवरलाल भादू, सुरेंद्र बिश्नोई,विशाल सोलंकी ,जेपी चौधरी ,बजरंग कूकना आदि कार्यकर्ता मौजूद थे।







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